Jamshedpur : भाजपा के वरिष्ठ नेता और झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी ने राज्य की कानून-व्यवस्था को लेकर हेमंत सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि झारखंड में अपराधियों के बीच पुलिस और प्रशासन का भय कम होता दिखाई दे रहा है, जिसके कारण आपराधिक घटनाओं को बढ़ावा मिल रहा है।
घाटशिला में आयोजित भाजपा कार्यसमिति की बैठक में शामिल होने के लिए जमशेदपुर पहुंचे बाबूलाल मरांडी ने बिष्टुपुर स्थित सर्किट हाउस में पार्टी कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने मीडिया से बातचीत करते हुए विभिन्न राजनीतिक मुद्दों पर अपनी प्रतिक्रिया दी।
राज्य में बढ़ते अपराध पर चिंता जताते हुए मरांडी ने कहा कि कानून-व्यवस्था की स्थिति संतोषजनक नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि अपराधियों में कार्रवाई का डर नहीं दिख रहा है और सरकार को इस दिशा में प्रभावी कदम उठाने की आवश्यकता है।
राज्यसभा चुनाव को लेकर पूछे गए सवाल पर उन्होंने कहा कि उम्मीदवार चयन का निर्णय पार्टी संगठन और केंद्रीय नेतृत्व करता है। उन्होंने स्पष्ट किया कि एनडीए अपना प्रत्याशी मैदान में उतारेगा और इस संबंध में अंतिम फैसला पार्टी स्तर पर लिया जाएगा।
जब उनसे झारखंड के कई पूर्व मुख्यमंत्रियों के नामों को लेकर सवाल पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि कई नेताओं के नाम चर्चा में हैं। संगठन सभी पहलुओं पर विचार करने के बाद तय करेगा कि किसे राज्यसभा भेजा जाएगा।
पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस के सांसदों पर कथित हमले के मामले में प्रतिक्रिया देते हुए मरांडी ने कहा कि घटना की पूरी सच्चाई सामने आनी चाहिए और संबंधित लोगों की पहचान कर निष्पक्ष जांच की जानी चाहिए। उन्होंने पश्चिम बंगाल की राजनीतिक परिस्थितियों पर भी टिप्पणी की।
इस दौरान उन्होंने सुवेंदु अधिकारी की राजनीतिक क्षमता की सराहना करते हुए उन्हें एक अनुभवी और प्रभावशाली नेता बताया। हालांकि, सुवेंदु अधिकारी वर्तमान में पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री नहीं, बल्कि विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष की भूमिका निभा रहे हैं।



