Khunti: जंगल से भटककर शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में घूम रहे एक बीमार जंगली हाथी के इलाज के लिए वन विभाग की टीम सक्रिय हो गई है। वन विभाग के कर्मी लगातार हाथी की निगरानी करते हुए उसकी सेहत पर नजर बनाए हुए हैं। ये हाथी अबतक राजधानी रांची के अलावा खूंटी शहरी क्षेत्रों से गुजरते हुए अलग अलग क्षेत्रों में भ्रमण कर चुका है इस दौरान खूंटी के एक कुएं में भी गिरा था जिसे वनविभाग द्वारा कड़ी मशक्कत से बाहर निकाला गया था। बताया जाता है कि हाथी का एक आंख खराब हो गया है और उसकी शारीरिक स्थिति भी सही नहीं है। इस प्रकार से हाथी बीमार अवस्था में है जिसका इलाज शुरू किया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार तोरपा क्षेत्र के उकरीमारी पाकर टोली जंगल क्षेत्र में पहुंचे बीमार जंगली हाथी को प्रभारी वनपाल अविनाश लुगुन के नेतृत्व में शनिवार को दर्द निवारक और विटामिन की दवा दी गई। वन विभाग की टीम ने दवाइयों को केला और तरबूज में मिलाकर हाथी को खिलाया, ताकि वह आसानी से दवा ग्रहण कर सके।
वन विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह जंगली हाथी पहले खूंटी क्षेत्र से भटककर तोरपा के बिरता जंगल पहुंच गया था। वहां आसपास के खेतों में घुसकर हाथी ने किसानों की फसलों को रौंद दिया, जिससे किसानों को नुकसान हुआ।
फसलों के नुकसान की सूचना मिलने पर बड़ी संख्या में स्थानीय ग्रामीण मौके पर जुट गए थे। ग्रामीणों की भीड़ बढ़ने पर जंगली हाथी को बिरता जंगल से खदेड़ दिया गया, जिसके बाद वह दूसरे क्षेत्र की ओर चला गया।
हाथी की स्थिति को देखते हुए वन विभाग ने उसका इलाज शुरू करने का निर्णय लिया। विभाग के कर्मचारी लगातार हाथी को ट्रैक कर रहे हैं और उसकी गतिविधियों पर नजर रख रहे हैं।
इस दौरान वनरक्षी राहुल महतो, आनंद मुंडरी और अभिषेक शर्मा सहित वन विभाग के अन्य कर्मी भी मौजूद थे। वन विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि जंगली हाथी के आसपास भीड़ न लगाएं और उससे सुरक्षित दूरी बनाए रखें, ताकि किसी भी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके।



