Ranchi: राजधानी रांची के धुर्वा थाना क्षेत्र से 2 जनवरी 2026 को लापता हुए 5 वर्षीय अंश कुमार और 4 वर्षीय अंशिका कुमारी को रामगढ़ जिले के चितरपुर से सुरक्षित बरामद कर लिया गया है। दोनों मासूम भाई-बहन धुर्वा क्षेत्र के मौसीबाड़ी खटाल से दोपहर 3 बजे बिस्किट खरीदने निकले थे और 12 दिनों तक लापता रहे। इस सफलता के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने झारखंड पुलिस की सराहना की है।
सीएम हेमंत सोरेन का संदेश और अपराधियों को चेतावनी
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर पुलिस टीम को बधाई दी। उन्होंने लिखा कि “व्यक्तिगत रूप से पिछले कुछ दिन काफी परेशान करने वाले रहे। शुरुआत में सफलता नहीं मिली, लेकिन रांची पुलिस ने दूसरे राज्य में हुई घटनाओं के तार जोड़ कर बच्चों को मुक्त करवाया, वह प्रशंसनीय है। हम इस जांच अभियान को यहीं नहीं छोड़ेंगे। राज्य और बाहर घटित ऐसी घटनाओं का गहन पड़ताल कर अपराधी गिरोह की कमर तोड़ी जाएगी।” उन्होंने अंश और अंशिका के परिवार को शुभकामनाएं भी दीं।

पुलिस की व्यापक तलाशी अभियान
पुलिस ने विशेष जांच टीम गठित की और 5000 से अधिक मोबाइल नंबर तथा 2000 सीसीटीवी फुटेज की जांच की। तलाशी में ड्रोन और डॉग स्क्वायड का इस्तेमाल किया गया। तालाब-कुओं और आसपास के क्षेत्रों में सर्च ऑपरेशन चलाया गया। इसके साथ ही बिहार, यूपी और ओडिशा तक टीम भेजी गई। झारखंड सीआईडी ने ह्यू एंड क्राई नोटिस जारी कर देशभर की पुलिस को अलर्ट किया और सूचना देने वालों के लिए 4 लाख रुपये का इनाम घोषित किया।
जन सहयोग और पोस्टर अभियान
रांची पुलिस ने गंतव्य केयर फाउंडेशन एनजीओ के सहयोग से पोस्टर अभियान चलाया, जिससे जनता में जागरूकता बढ़ी। परिजनों ने धरना दिया और धुर्वा में बंद का आह्वान किया, जिससे दबाव बढ़ा। बरामदगी के बाद दो संदिग्धों को गिरफ्तार किया गया है।
इस बरामदगी के साथ ही 12 दिनों से जारी तनाव और चिंता खत्म हुई और राज्य में बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के प्रयासों में पुलिस की दक्षता सामने आई।


