Giridih: गिरिडीह के चर्चित पर्यटन स्थल उसरी वाटर फॉल पर बुधवार को बड़ा हादसा टल गया। मोहनपुर पंचायत के अंबाडीह गांव से घूमने आए चार युवक झरने के बीच नहाने और सेल्फी लेने की कोशिश में तेज बहाव वाली लहरों में फंस गए। अचानक जलस्तर बढ़ने से वे लहरों के बीच इधर-उधर बहने लगे, जिससे वहां मौजूद पर्यटक और ग्रामीण भयभीत हो गए।
स्थानीय लोगों ने तुरंत बचाव अभियान शुरू किया। उन्होंने रस्सी और अन्य साधनों की मदद से युवकों को बाहर निकालने का प्रयास किया। इसी बीच मुफस्सिल थाना पुलिस की टीम भी मौके पर पहुंची और ग्रामीणों के साथ मिलकर रेस्क्यू ऑपरेशन में जुट गई। काफी मशक्कत के बाद चारों युवकों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
फंसे युवकों की पहचान मो शानू, मो आशिक, ख्वाहिश साह और रजनीकांत साह के रूप में हुई, जो अंबाडीह गांव के ही निवासी हैं। युवकों के सुरक्षित बाहर आने पर वहां मौजूद लोगों ने राहत की सांस ली और तालियों की गड़गड़ाहट गूंज उठी। घटना ने एक बार फिर दर्शाया कि सावधानी और त्वरित कार्रवाई कितनी महत्वपूर्ण होती है।
रेस्क्यू के दौरान स्थानीय लोगों की सक्रिय भागीदारी ने बड़ी भूमिका निभाई। मो हसनैन अली ने खुद कमान संभाली और ग्रामीणों को निर्देश देते हुए बचाव कार्य में जुटे रहे। कौलेश्वर सोरेन, मो दानिश, मो इम्तियाज, वकील साह, मो इमरान समेत सैकड़ों ग्रामीण मौके पर मौजूद थे, जिनकी मदद से युवकों को सुरक्षित निकालना संभव हुआ।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दिनों में उसरी वाटर फॉल का जलस्तर अचानक बढ़ जाता है, जिससे पर्यटकों के लिए खतरा बढ़ जाता है। बुधवार की घटना ने प्रशासन और पर्यटन विभाग को सुरक्षा उपाय पुख्ता करने की आवश्यकता की याद दिला दी। पुलिस और ग्रामीण समय पर सक्रिय नहीं होते तो बड़ा हादसा निश्चित था।



