Khunti: खूंटी जिले के अड़की प्रखंड अंतर्गत उलिहातु गांव में चल रहे स्वास्थ्य हस्तक्षेप के तहत आज तीन अत्यधिक कुपोषित बच्चों को बेहतर उपचार और पोषण पुनर्वास के लिए एमटीसी (माल्न्यूट्रिशन ट्रीटमेंट सेंटर) खूंटी में भर्ती कराया गया। यह पहल ग्लेनमार्क फाउंडेशन के सहयोग, बेटर वर्ल्ड फाउंडेशन के संचालन तथा जिला समाज कल्याण विभाग एवं अड़की बाल विकास विभाग की देखरेख में संचालित ‘हेल्थ ऑन व्हील्स’ कार्यक्रम के माध्यम से संभव हो पाई है। 
प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस कार्यक्रम के तहत अड़की प्रखंड के गांव-गांव में नियमित रूप से स्वास्थ्य शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों में बच्चों की स्वास्थ्य जांच कर कुपोषण की पहचान की जाती है। जांच के दौरान चिन्हित कुपोषित बच्चों को तत्काल पोषण आहार उपलब्ध कराया जाता है, जबकि गंभीर रूप से कुपोषित पाए जाने वाले बच्चों को विशेष देखभाल के लिए एमटीसी रेफर किया जाता है।
इसी क्रम में उलिहातु गांव में आयोजित स्वास्थ्य जांच शिविर के दौरान तीन बच्चे अत्यधिक कुपोषित पाए गए, जिन्हें स्वास्थ्य टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एमटीसी खूंटी में भर्ती कराया। इन बच्चों को ‘हेल्थ ऑन व्हील्स’ वाहन के माध्यम से सुरक्षित रूप से स्वास्थ्य केंद्र तक पहुंचाया गया।
कार्यक्रम के तहत स्वास्थ्य टीम द्वारा गांव-गांव जाकर कुपोषण के प्रति जागरूकता फैलाने, माताओं को पोषण संबंधी परामर्श देने तथा बच्चों के समुचित देखभाल के लिए आवश्यक जानकारी भी दी जा रही है। इस पहल का मुख्य उद्देश्य खूंटी जिले, विशेषकर अड़की प्रखंड में कुपोषण की दर को कम करना है।
इस महत्वपूर्ण कार्यक्रम का शुभारंभ पोषण माह के दौरान खूंटी के तत्कालीन उप विकास आयुक्त (डीडीसी) आलोक कुमार द्वारा फ्लैग ऑफ कर किया गया था। उनके मार्गदर्शन और विभागीय समन्वय से यह कार्यक्रम लगातार प्रभावी रूप से संचालित हो रहा है।

स्थानीय स्तर पर इस पहल का सकारात्मक असर देखने को मिल रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं की पहुंच पहले की तुलना में बेहतर हुई है, वहीं कुपोषण के प्रति लोगों में जागरूकता भी बढ़ी है। ‘हेल्थ ऑन व्हील्स’ कार्यक्रम न सिर्फ बीमार और कुपोषित बच्चों को नई जिंदगी दे रहा है, बल्कि आने वाली पीढ़ी के बेहतर स्वास्थ्य और सुरक्षित भविष्य की दिशा में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।



