Khunti: खूंटी पुलिस ने मानव तस्करी एवं बंधुआ मजदूरी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पंजाब में फंसे एक परिवार को सकुशल मुक्त कराया है। इस संबंध में पुलिस अधीक्षक ऋषभ गर्ग ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर पूरे मामले की जानकारी दी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, एएचटीयू थाना खूंटी में बिरहु निवासी लक्ष्मी बाखला द्वारा एक लिखित आवेदन देकर शिकायत की गई थी कि अड़की थाना क्षेत्र के ग्राम विरबांकी इचाकुटी निवासी सनीका पूर्ति, उनकी पत्नी और बच्चे को पंजाब के जालंधर जिले में बंधुआ मजदूर बनाकर रखा गया है। आवेदन में यह भी आरोप लगाया गया था कि परिवार को जबरन काम कराया जा रहा था तथा घर लौटने की बात कहने पर उनके साथ गाली-गलौज और धमकी दी जाती थी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए खूंटी पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए एएचटीयू थाना कांड संख्या 02/26 दिनांक 02 मई 2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं एवं बॉन्डेड लेबर सिस्टम एबोलिशन एक्ट के तहत प्राथमिकी दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया।
जांच के दौरान पुलिस टीम ने पहले स्थानीय स्तर पर मामले का सत्यापन किया। इसके बाद पंजाब के जालंधर जिले में संबंधित स्थानों पर संपर्क स्थापित कर कार्रवाई आगे बढ़ाई गई। पुलिस अधीक्षक ऋषभ गर्ग के निर्देश पर एएचटीयू थाना पुलिस ने संबंधित एनजीओ के सहयोग से रेस्क्यू अभियान चलाया, जिसमें पीड़ित सनीका पूर्ति, उनकी पत्नी एवं बच्चे को सकुशल मुक्त कराया गया।
रेस्क्यू के बाद पूरे परिवार को आज सुरक्षित खूंटी लाया गया, जहां पुलिस ने उनका बयान दर्ज किया। इसके उपरांत परिवार को उनके गांव विरबांकी ईचाकुटी थाना अड़की पहुंचाया गया। साथ ही प्रशासन की ओर से परिवार को राशन एवं अन्य आवश्यक सामग्री भी उपलब्ध कराई गई।
खूंटी पुलिस की इस कार्रवाई को मानव तस्करी और बंधुआ मजदूरी के खिलाफ एक महत्वपूर्ण पहल माना जा रहा है। पुलिस अधीक्षक ऋषभ गर्ग ने कहा कि जिले में मानव तस्करी एवं बंधुआ मजदूरी जैसी घटनाओं पर सख्ती से कार्रवाई जारी रहेगी तथा पीड़ितों को हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।



