Deoghar: झारखंड के देवघर में उस समय धार्मिक और राजनीतिक माहौल एक साथ देखने को मिला, जब असम विधानसभा चुनाव से ठीक एक दिन पहले असम के मुख्यमंत्री Himanta Biswa Sarma बाबा बैद्यनाथ की नगरी पहुंचे। उनके आगमन पर भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने भव्य स्वागत किया, जिससे पूरे क्षेत्र में उत्साह का माहौल बन गया।
देवघर पहुंचने के बाद मुख्यमंत्री सबसे पहले Satsang Ashram गए, जहां उन्होंने आध्यात्मिक वातावरण में कुछ समय बिताया और पूजा-अर्चना की। इसके बाद वे सीधे विश्व प्रसिद्ध Baidyanath Dham मंदिर पहुंचे। यहां उन्होंने विधि-विधान के साथ विशेष पूजा कर भगवान शिव से चुनाव में सफलता और राज्य की समृद्धि की कामना की।
मुख्यमंत्री की यात्रा को देखते हुए मंदिर परिसर में सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई थी। पूजा के दौरान आम श्रद्धालुओं के प्रवेश को कुछ समय के लिए रोका गया, हालांकि पूजा समाप्त होते ही मंदिर के पट पुनः श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए गए, जिससे दर्शन व्यवस्था सामान्य हो गई।
इस दौरान भाजपा के वरिष्ठ सांसद Nishikant Dubey और उनकी पत्नी भी मुख्यमंत्री के साथ मौजूद रहे। पूजा-अर्चना के बाद हिमंता बिस्वा सरमा कुछ समय के लिए निशिकांत दुबे के आवास पर ठहरे, जहां उन्होंने विश्राम और भोजन किया, इसके बाद वे देवघर एयरपोर्ट से असम के लिए रवाना हो गए।
चुनाव आचार संहिता का पालन करते हुए मुख्यमंत्री ने मीडिया से बातचीत करने से परहेज किया। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि चुनाव परिणाम आने के बाद ही वे मीडिया से विस्तार से बात करेंगे। उनके इस कदम को आचार संहिता के प्रति सम्मान के रूप में देखा जा रहा है।
राजनीतिक दृष्टि से भी यह दौरा काफी महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हाल ही में झारखंड के मुख्यमंत्री Hemant Soren ने असम के कामाख्या मंदिर में दर्शन किए थे। ऐसे में दोनों मुख्यमंत्रियों के मंदिर दर्शन को लेकर सियासी चर्चाएं तेज हो गई हैं, जिससे चुनावी माहौल और भी दिलचस्प हो गया है।
अब सभी की निगाहें असम विधानसभा चुनाव के नतीजों पर टिकी हैं। यह देखना दिलचस्प होगा कि बाबा बैद्यनाथ के आशीर्वाद के साथ जनता का समर्थन किसे प्राप्त होता है और चुनावी परिणाम किस दिशा में जाते हैं।


