Khunti: नगर निकाय चुनाव की मांग को लेकर भारतीय जनता पार्टी की ओर से आज समाहरणालय के समक्ष एक दिवसीय धरना-प्रदर्शन आयोजित किया गया। इस धरना कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में खूंटी के पूर्व विधायक सह पूर्व मंत्री नीलकंठ सिंह मुंडा उपस्थित रहे। कार्यक्रम के दौरान राज्यपाल के नाम एक ज्ञापन उपायुक्त को सौंपा गया। 
धरना को संबोधित करते हुए पूर्व मंत्री नीलकंठ सिंह मुंडा ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी की मुख्य रूप से तीन प्रमुख मांगें हैं। पहली, नगर निकाय चुनाव अविलंब कराए जाएं। दूसरी, यह चुनाव दलीय आधार पर हों और तीसरी, नगर निकाय चुनाव ईवीएम मशीन के माध्यम से संपन्न कराए जाएं। उन्होंने कहा कि नगर निकाय चुनाव लंबे समय से लंबित हैं, जिससे शहरी क्षेत्रों का विकास प्रभावित हो रहा है। 
नीलकंठ सिंह मुंडा ने राज्य सरकार पर गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि नगर निकाय चुनाव नहीं कराकर सरकार प्रशासनिक तंत्र के माध्यम से निकायों को नियंत्रित कर रही है। चुने हुए जनप्रतिनिधियों के अभाव में विकास कार्य बाधित हो रहे हैं और सरकारी धन का दुरुपयोग हो रहा है। उन्होंने कहा कि जब जनप्रतिनिधि होते हैं, तभी क्षेत्र के विकास के लिए पारदर्शी ढंग से धन का उपयोग संभव हो पाता है।
उन्होंने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पर निशाना साधते हुए कहा कि सरकार में दलीय आधार पर नगर निकाय चुनाव कराने का साहस नहीं है, क्योंकि उन्हें पता है कि यदि दलीय आधार पर चुनाव हुए तो भारतीय जनता पार्टी की जीत निश्चित है। उन्होंने यह भी कहा कि झारखंड हाईकोर्ट के बार-बार निर्देश दिए जाने के बावजूद राज्य सरकार नगर निकाय चुनाव कराने में टालमटोल कर रही है, जो लोकतंत्र के मूल सिद्धांतों के खिलाफ है। 
पूर्व मंत्री ने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार जल्द से जल्द नगर निकाय चुनाव दलीय आधार पर और ईवीएम मशीन से नहीं कराती है, तो भारतीय जनता पार्टी अपना आंदोलन और तेज करेगी और सड़कों पर उतरकर सरकार के खिलाफ संघर्ष करेगी।
धरना-प्रदर्शन कार्यक्रम में तोरपा विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक कोचे मुंडा, भाजपा जिलाध्यक्ष चंद्रशेखर चौधरी, पूर्व जिलाध्यक्ष काशीनाथ महतो, प्रियांक भगत, आनंद कुमार, बिनोद नाग, जगरनाथ मुंडा, निखिल कंडुलना सहित बड़ी संख्या में भाजपा नेता एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने एक स्वर में नगर निकाय चुनाव जल्द कराने की मांग की और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।



