Jamshedpur: नया साल 2026 के स्वागत के अवसर पर सिख समुदाय ने जमशेदपुर के साकची गुरुद्वारा प्रांगण में विशेष कीर्तन दरबार का आयोजन किया। श्रद्धालुओं ने गुरु ग्रंथ साहिब पर पुष्प वर्षा कर पुराने साल को विदाई दी और नए साल का स्वागत किया। इस मौके पर गुरुग्रंथ साहिब के समक्ष मौजूद संगत ने वाहेगुरु वाहेगुरु के जयकारों से माहौल भक्तिमय बना दिया।
कीर्तन दरबार और कार्यक्रम
खालसा सेवा दल द्वारा आयोजित इस दो दिवसीय कीर्तन दरबार में प्रख्यात रागी जत्थों ने गुरुबाणी का सुंदर प्रस्तुतीकरण किया। अमृतसर के हुजूरी रागी भाई सरूप सिंह, पटियाला से बीबी जसप्रीत कौर, तरनतारन से मुख्य ग्रंथि ज्ञानी जजबीर सिंह, और साकची गुरुद्वारा साहिब के हजूरी रागी भाई नारायण सिंह ने शबद कीर्तन किया।
संगत ने कीर्तन में ध्यान लगाकर गुरु चरणों में लीन होकर भक्तिभाव के साथ नए साल का स्वागत किया। 31 दिसंबर की रात होते ही सोनिहाल के जयकारों के साथ गुरु ग्रंथ साहिब पर पुष्प वर्षा की गई और नए साल 2026 का आनंदपूर्वक स्वागत किया गया।

समाजिक और धार्मिक महत्व
खालसा सेवा दल का कहना है कि गुरु के दरबार में पुराने साल की विदाई और नए साल का स्वागत करना समाज में सुख, शांति और समृद्धि लाने का मार्ग है। इसके अलावा, ऐसे आयोजन नई पीढ़ी को धर्म और संस्कृति से जोड़ने में सहायक होते हैं, जिससे वे अपने सांस्कृतिक मूल्यों से दूर न हों।
इस आयोजन के दौरान संगत ने एक-दूसरे को नए साल की बधाई दी और पूरे गुरुद्वारा परिसर में सकारात्मक ऊर्जा और धार्मिक अनुशासन का माहौल बना रहा। जमशेदपुर का साकची गुरुद्वारा नया साल 2026 श्रद्धा, भक्ति और सांस्कृतिक चेतना के साथ मनाने वाला केंद्र बना।


