Ranchi : झारखंड को जल्द ही अपनी पहली इलेक्ट्रिक बस सेवा मिलने जा रही है, जो धनबाद से परिचालन में आएगी। केंद्रीय कोयला मंत्री जी. किशन रेड्डी इस बस को हरी झंडी दिखाएंगे। इस पहल का उद्देश्य राज्य में वायु प्रदूषण कम करना और पर्यावरण-अनुकूल परिवहन को बढ़ावा देना है। यह कदम झारखंड में इलेक्ट्रिक परिवहन के क्षेत्र में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर माना जा रहा है।
धनबाद में कार्यक्रम
केंद्रीय मंत्री जी. किशन रेड्डी 27 नवंबर को पूरी टीम के साथ धनबाद के बीसीसीएल पहुंचेंगे। बस को 28 नवंबर को बेलगड़िया, धनबाद में हरी झंडी दिखाई जाएगी। बीसीसीएल की ओर से विस्थापितों के लिए बेलगड़िया में दो इलेक्ट्रिक बसें उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिनमें करीब 2.5 करोड़ रुपये का निवेश किया गया है।
इलेक्ट्रिक बस का परिचालन
बस दिल्ली से धनबाद लाई जा रही है। दिल्ली में सफल परिचालन के बाद अब इसे धनबाद में लागू किया जा रहा है। मंत्री के साथ कोयला सचिव विक्रम दत्त, कोल इंडिया चेयरमैन सनोज कुमार झा और अन्य मंत्रालय एवं कोल इंडिया अधिकारी भी मौजूद रहेंगे।
मंत्री का तीन दिवसीय दौरा
कोयला मंत्री इस दौरे के दौरान बीसीसीएल एवं झरिया पुनर्वास व विकास प्राधिकरण (जेआरडीए) के अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे और प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण भी करेंगे। इस दौरे का मकसद झरिया पुनर्वास और विकास योजनाओं के तेजी से क्रियान्वयन की समीक्षा करना है।
केंद्रीय कैबिनेट ने जून 2025 में झरिया मास्टर प्लान के संशोधन को मंजूरी दी थी, जिसमें कुल 5,940 करोड़ रुपये की मंजूरी दी गई है। मंत्री और उनकी टीम हाल ही में मंत्रालय तक पहुंचे मामलों की भी समीक्षा करेंगे।
यह दौरा और इलेक्ट्रिक बस का परिचालन झारखंड में सस्टेनेबल और आधुनिक परिवहन प्रणाली के लिए महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।



