ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं को मिलेगा नया आधार
रांची : झारखंड सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को सशक्त बनाने के लिए एक बड़ा कदम उठाने जा रही है। इस माह 25 सितंबर को कुल 200 डॉक्टरों की नियुक्ति की जाएगी। इनमें 100 स्थायी सरकारी डॉक्टर और 100 अनुबंध आधारित डॉक्टर शामिल होंगे। इन सभी को राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन स्वयं नियुक्ति पत्र प्रदान करेंगे।
अब तक की सबसे बड़ी नियुक्ति प्रक्रिया
स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने मंगलवार को जानकारी दी कि यह राज्य की अब तक की सबसे बड़ी नियुक्ति प्रक्रिया है। इसका सीधा लाभ ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों के लोगों को मिलेगा। उन्होंने कहा कि झारखंड लंबे समय से डॉक्टरों की भारी कमी का सामना कर रहा था, जिससे स्वास्थ्य सेवाएं प्रभावित हो रही थीं। नए डॉक्टरों की तैनाती से यह कमी काफी हद तक पूरी हो सकेगी।
ग्रामीण स्तर पर मजबूत होंगी स्वास्थ्य सेवाएं
मंत्री ने बताया कि हाल ही में स्वास्थ्य विभाग द्वारा 91 सामुदायिक स्वास्थ्य पदाधिकारी और 126 संविदा डॉक्टरों की नियुक्ति की गई थी। इसके बावजूद कई प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और उपस्वास्थ्य केंद्रों पर डॉक्टरों की कमी बनी हुई थी। अब नई नियुक्तियों से ग्रामीण स्तर पर स्वास्थ्य सेवाएं मजबूत होंगी और मरीजों को इलाज के लिए शहरों की ओर भागने की जरूरत नहीं पड़ेगी।
डॉक्टरों को सुविधाएं और सुरक्षा मिलेगी
डॉ. अंसारी ने स्पष्ट किया कि सरकार डॉक्टरों के लिए आवश्यक सुविधाएं और सुरक्षा सुनिश्चित करेगी, ताकि वे बिना किसी संकोच के अपनी सेवाएं दे सकें। साथ ही, बाहर के राज्यों से भी कई डॉक्टर झारखंड में सेवा देने को तैयार हैं, जिससे राज्य की चिकित्सा व्यवस्था और सुदृढ़ होगी।
मुख्यमंत्री की प्राथमिकता : गांव-गांव तक स्वास्थ्य सेवाएं
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन की प्राथमिकता है कि राज्य के हर गांव तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचें और गरीब से गरीब व्यक्ति को भी बेहतर इलाज उपलब्ध हो सके।
लोगों का भरोसा बढ़ाएगा यह कदम
सरकार का मानना है कि इन नियुक्तियों से लंबे समय से चली आ रही कमी दूर होगी। नए डॉक्टरों की तैनाती से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और जिला अस्पताल मजबूत होंगे। विशेषज्ञों का कहना है कि यह पहल न केवल राज्य के स्वास्थ्य ढांचे को नई दिशा देगी बल्कि जनता का भरोसा भी बढ़ाएगी।



