Deoghar: आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) में विश्व स्तरीय कंपनी प्रिज्मा एआई जल्द ही देवघर एसटीपीआई में अपना सेंटर खोलने जा रही है। इसके तहत कंपनी युवाओं को प्रशिक्षित कर AI इंडस्ट्री के लायक बनाएगी और रोजगार के अवसर भी प्रदान करेगी। यह जानकारी कंपनी के सीईओ डॉ. श्रीराम अय्यर ने पूर्वी भारत के पहले AI सेमिनार में दी।
डॉ. अय्यर ने बताया कि चयनित युवा तेज तर्रार प्रतिभा वाले होंगे, जिन्हें छह महीने का प्रशिक्षण कोर्स मिलेगा। प्रशिक्षण के दौरान छात्रवृत्ति दी जाएगी और कोर्स पूरा करने पर प्रमाण पत्र भी प्रदान किया जाएगा। प्रशिक्षण के बाद युवाओं को उनकी दक्षता के अनुसार वेतन मिलेगा। उनका लक्ष्य है कि 100 से 1000 युवाओं को नौकरी दी जाए, जिससे वे वैश्विक स्तर पर AI इंडस्ट्री में काम करने के लिए सक्षम बन सकें।
AI प्रशिक्षण का महत्व और प्रक्रिया
डॉ. अय्यर ने बताया कि प्रशिक्षण में युवा सीखेंगे कि AI के लिए डेटा कैसे तैयार और अपलोड किया जाता है। जैसे मशीन को दस इमेज दी जाती हैं, और वह सीखकर सही डेटा देती है। इससे मशीन खुद निर्णय लेने और सीखने में सक्षम होती है। प्रशिक्षण का फोकस एल्गोरिथम और डेटा की गुणवत्ता पर होगा। जितनी कुशलता से डेटा अपलोड किया जाएगा, मशीन उतनी ही बेहतर कार्यक्षमता दिखाएगी।
प्रिज्मा एआई की वैश्विक उपलब्धियां
प्रिज्मा एआई जर्मनी की पुरानी कंपनी है, जिसे 2013 में भारत में स्थापित किया गया। कंपनी की AI तकनीक एयरपोर्ट, पुलिस, नेशनल हाईवे और मंदिर में भीड़ नियंत्रण के लिए इस्तेमाल हो रही है। भारत में सात एयरपोर्ट और विश्व के छह एयरपोर्ट पर कंपनी के AI आधारित कैमरे लगे हैं। इसके अलावा, महाराष्ट्र और श्रीडी मंदिर जैसे स्थानों पर भी प्रिज्मा के कैमरे स्थापित किए गए हैं।
डॉ. अय्यर ने कहा कि यह अवसर उन युवाओं के लिए सुनहरा है, जो वर्तमान समय की मांग के अनुरूप अपना करियर AI इंडस्ट्री में बनाना चाहते हैं। प्रशिक्षण और रोजगार के बाद ये युवा भारत या विश्व के किसी भी हिस्से में काम करने में सक्षम होंगे।
इस पहल से देवघर में युवा वर्ग को AI इंडस्ट्री में करियर बनाने और रोजगार प्राप्त करने का बड़ा अवसर मिलेगा।



