Bokaro/Dhanbad : झारखंड के बोकारो, धनबाद और पाकुड़ जिलों में मुहर्रम पर्व को शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न कराने के लिए प्रशासन पूरी तरह अलर्ट मोड में है। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए शांति समिति की बैठकें, मॉक ड्रिल और फ्लैग मार्च जैसे कई कदम उठाए जा रहे हैं।
बोकारो में चास अनुमंडल प्रशासन ने विभिन्न थानों में लगातार शांति समिति की बैठकें आयोजित की हैं। चास मुफस्सिल थाना परिसर में हुई बैठक की अध्यक्षता एसडीएम प्रांजल ढांडा ने की। उन्होंने लोगों से आपसी भाईचारा बनाए रखने और छोटे विवादों को आपसी सहमति से सुलझाने की अपील की।
एसडीएम ने ताजिया को निर्धारित आकार में रखने की सलाह दी ताकि बिजली के तारों से किसी तरह की दुर्घटना न हो। साथ ही उन्होंने अखाड़ा समितियों से पहले अभ्यास कर जुलूस में शामिल होने को कहा, ताकि किसी प्रकार की अप्रिय घटना से बचा जा सके।
प्रशासन ने स्पष्ट कर दिया है कि मुहर्रम के दौरान डीजे पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगा। अधिकारियों ने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत किसी भी धार्मिक जुलूस में डीजे का उपयोग अनुमति योग्य नहीं है। निगरानी के लिए कई जगहों पर मिनी कंट्रोल रूम बनाए जा रहे हैं, साथ ही ड्रोन और सीसीटीवी कैमरों से भी नजर रखी जाएगी।
धनबाद में भी सुरक्षा को लेकर विशेष तैयारी की गई है। झरिया और बैंक मोड़ जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। डीएसपी स्तर के अधिकारी लगातार निगरानी करेंगे और क्विक रिस्पांस टीम (QRT) को अलर्ट पर रखा गया है। हाल ही में पुलिस लाइन में मॉक ड्रिल का आयोजन कर आपात स्थिति से निपटने की तैयारियों को परखा गया।
पाकुड़ में जिला प्रशासन और पुलिस ने संयुक्त रूप से मॉक ड्रिल और फ्लैग मार्च कर सुरक्षा व्यवस्था का प्रदर्शन किया। बस स्टैंड के पास किए गए अभ्यास में आपात स्थिति से निपटने की तैयारी का पूर्वाभ्यास किया गया। डीसी और एसपी की मौजूदगी में शांति समिति की बैठक भी आयोजित की गई, जिसमें लोगों से गाइडलाइन का पालन करने की अपील की गई।
एसपी ने कहा कि प्रशासन पूरी तरह तैयार है और किसी भी स्थिति से निपटने के लिए पुलिस बल को सतर्क रखा गया है। उन्होंने आम लोगों से सहयोग की अपील करते हुए मुहर्रम को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण माहौल में मनाने का आग्रह किया।
कुल मिलाकर तीनों जिलों में प्रशासन की ओर से सुरक्षा और निगरानी के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं, ताकि पर्व शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हो सके।


