Ranchi: रांची में बढ़ते बिजली और पानी संकट को लेकर भारतीय जनता पार्टी ने मंगलवार को जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में भाजपा नेता और कार्यकर्ता सड़कों पर उतरे और राज्य सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए अपनी नाराजगी जाहिर की। भाजपा का आरोप है कि राज्य की जनता लगातार बिजली कटौती और पेयजल संकट से परेशान है, लेकिन सरकार इन समस्याओं के समाधान को लेकर गंभीर नहीं दिख रही। प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मटका फोड़कर सरकार की नीतियों के खिलाफ प्रतीकात्मक विरोध दर्ज कराया।
इस प्रदर्शन का नेतृत्व भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष Aditya Sahu ने किया। रांची महानगर भाजपा द्वारा आयोजित इस “घड़ा फोड़ आक्रोश मार्च” में बड़ी संख्या में महिला और पुरुष कार्यकर्ता शामिल हुए। कार्यकर्ता सिर पर मटका लेकर जिला स्कूल परिसर से रांची समाहरणालय तक पहुंचे। मार्च के दौरान भाजपा नेताओं ने राज्य सरकार पर जनता की मूलभूत जरूरतों की अनदेखी करने का आरोप लगाया और कहा कि बिजली-पानी जैसी बुनियादी सुविधाओं के लिए लोगों को संघर्ष करना पड़ रहा है।
प्रदर्शन में शामिल पूर्व मुख्यमंत्री Arjun Munda ने हेमंत सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि राज्य में पानी की स्थिति बेहद खराब हो चुकी है। उन्होंने आरोप लगाया कि कई इलाकों में लोगों को दूषित पानी मिल रहा है, जिससे स्वास्थ्य संबंधी खतरे भी बढ़ रहे हैं। अर्जुन मुंडा ने कहा कि नल-जल योजना की हालत बदतर हो चुकी है और कई मोहल्लों में कई दिनों तक पानी की सप्लाई नहीं होती। उन्होंने यह भी कहा कि लगातार बिजली कटौती ने आम लोगों का जीवन मुश्किल बना दिया है।
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केंद्रीय रक्षा राज्य मंत्री Sanjay Seth भी इस प्रदर्शन में मौजूद रहे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार जनता की समस्याओं को समझने में विफल रही है। भाजपा नेताओं का कहना है कि शहर और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में लोग घंटों बिजली कटौती का सामना कर रहे हैं। गर्मी के मौसम में बिजली संकट ने लोगों की परेशानी और बढ़ा दी है। नेताओं ने दावा किया कि राज्य में बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है और सरकार केवल बैठकों और घोषणाओं तक सीमित है।
रांची विधायक C. P. Singh ने भी सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि रोजाना लोगों के फोन आते हैं कि उनके इलाके में पानी की सप्लाई नहीं हो रही या कई घंटों से बिजली गायब है। सीपी सिंह ने आरोप लगाया कि सरकार के मंत्री सिर्फ समीक्षा बैठक कर दिखावा करते हैं, जबकि जमीनी स्तर पर समस्याएं जस की तस बनी हुई हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा जनता की समस्याओं को लेकर लगातार संघर्ष करती रहेगी और सरकार को जवाबदेह बनाएगी।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने कहा कि राज्य की जनता “त्राहिमाम” की स्थिति में है, लेकिन सरकार पूरी तरह बेपरवाह बनी हुई है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि सरकार ने जल्द बिजली और पानी की समस्या का समाधान नहीं किया तो भाजपा आने वाले दिनों में और बड़ा आंदोलन करेगी। उन्होंने कहा कि यह प्रदर्शन सिर्फ शुरुआत है और जनता के हित में भाजपा हर स्तर पर संघर्ष करने को तैयार है।
बहरहाल, भाजपा ने बिजली और पानी जैसे जनहित के मुद्दों को लेकर सड़क पर उतरकर राज्य सरकार को घेरने की कोशिश की है। पार्टी इस आंदोलन के जरिए खुद को जनता की आवाज के रूप में प्रस्तुत करना चाहती है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि आने वाले समय में बिजली-पानी का मुद्दा राज्य की राजनीति में बड़ा विषय बन सकता है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि सरकार इन आरोपों और जनसमस्याओं पर क्या कदम उठाती है और भाजपा के इस आंदोलन का राजनीतिक असर कितना व्यापक होता है।



