Ghatsila : घाटशिला विधानसभा उपचुनाव का प्रचार अभियान रविवार शाम पांच बजे समाप्त हो गया। जेएमएम नेता और शिक्षा मंत्री रामदास सोरेन के निधन से खाली हुई इस सीट पर अब मंगलवार को मतदान होगा। घाटशिला विधानसभा के 300 मतदान केंद्रों पर सुबह 7 बजे से शाम 5 बजे तक वोट डाले जाएंगे। इस दौरान 2,56,352 मतदाता अपने मताधिकार का प्रयोग करेंगे। इसके लिए सोमवार को 1,200 मतदान कर्मियों को बूथों पर रवाना किया गया है, जबकि 120 कर्मियों को रिजर्व में रखा गया है।
सभी बूथों पर मंगलवार की सुबह 5:30 बजे मॉक पोल किया जाएगा। जिला निर्वाचन पदाधिकारी कर्ण सत्यार्थी ने बताया कि साइलेंस पीरियड शुरू हो चुका है और अब कोई प्रचार, रैली या रोड शो नहीं किया जा सकता। उल्लंघन पर सख्त कार्रवाई होगी। मतदान के दौरान शांति बनाए रखने के लिए 10 कंपनी अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई है। संपूर्ण सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी करेंगे।

चुनाव आयोग ने बताया कि कुल मतदाताओं में 1,25,114 पुरुष और 1,31,235 महिलाएं शामिल हैं, जबकि 372 सर्विस वोटर भी हैं। इस बार 18–19 वर्ष आयु वर्ग के 16,601 नए मतदाता पहली बार वोट डालेंगे। महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने के लिए 5 पिंक बूथ बनाए गए हैं, जिन्हें पूरी तरह महिला कर्मियों द्वारा संचालित किया जाएगा। इनमें बनकांटी, घाटशिला प्रखंड मुख्यालय और धर्मबहाल पंचायत के बूथ शामिल हैं।
घाटशिला उपचुनाव में इस बार कुल 13 प्रत्याशी मैदान में हैं, जिनमें से 9 नए चेहरे हैं। मुकाबला मुख्य रूप से झामुमो के सोमेश चंद्र सोरेन और भाजपा के बाबूलाल सोरेन के बीच माना जा रहा है। झामुमो जहां अपने दिवंगत नेता रामदास सोरेन की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ाने की कोशिश में है, वहीं भाजपा संगठन और केंद्र की योजनाओं के सहारे मैदान में उतरी है।
मतदान के लिए मतदाता पहचान पत्र (EPIC) के अलावा 12 वैकल्पिक दस्तावेजों से भी पहचान की जा सकेगी। इनमें पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, पैन कार्ड, एनआरईजीए जॉब कार्ड, बैंक या डाकघर की फोटोयुक्त पासबुक, स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड आदि शामिल हैं। चुनाव आयोग ने मतदाताओं से अपील की है कि वे लोकतंत्र के इस पर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा लें और शांतिपूर्ण मतदान में सहयोग करें।



