Gumla: गुमला जिले के घाघरा थाना क्षेत्र के पोढ़ा गांव में सोमवार से लापता 8 वर्षीय बच्चे का शव मंगलवार को कुएं से बरामद किया गया। मृतक की पहचान रुकी पंचायत के मुखिया भीम उरांव के पुत्र पृथ्वी उरांव के रूप में हुई है। मामले की सूचना मिलते ही घाघरा पुलिस टीम मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए गुमला सदर अस्पताल भेज दिया। घटना ने पूरे इलाके में शोक और सनसनी फैल गई।
मुखिया भीम उरांव ने बताया कि उनका बेटा सोमवार दोपहर करीब 12 बजे घर से निकला था, लेकिन वापस लौटकर घर नहीं आया। परिजनों ने उसकी खोजबीन शुरू की और आसपास के गांवों में भी तलाश की, लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिला। पूरे परिवार और ग्रामीणों में चिंता की लहर दौड़ गई थी, क्योंकि बच्चा अपनी उम्र और मासूमियत के कारण अकेले कहीं भी जाने की संभावना नहीं थी।
घटना का भयानक विवरण तब सामने आया जब मंगलवार को घर से कुछ दूरी पर स्थित एक बिना मुंडेर वाले कुएं में पृथ्वी के बड़े पिताजी पानी भरने गए। उन्होंने कुएं में बच्चे को डूबा हुआ देखा। यह दृश्य देखकर वे तुरंत परिजनों और ग्रामीणों को सूचना देने भागे। ग्रामीणों की मदद से पुलिस को घटना की जानकारी दी गई, जिसके बाद दल-बल के साथ घाघरा पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची और शव को कुएं से बाहर निकाला।
पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर घाघरा थाना लाकर पोस्टमॉर्टम के लिए गुमला सदर अस्पताल भेजा। प्रारंभिक निरीक्षण में यह स्पष्ट हो गया कि बच्चे के शरीर पर किसी प्रकार की चोट या संघर्ष के संकेत नहीं थे, जिससे शुरुआती अनुमान लगाया जा रहा है कि यह डूबने से हुई मौत हो सकती है। पुलिस फिलहाल मामले की गहनता से जांच कर रही है और आसपास के लोगों तथा परिजनों से भी पूछताछ कर रही है।
मुखिया भीम उरांव ने आशंका जताई कि बिना मुंडेर वाला कुआं जमीन के स्तर के बराबर होने के कारण उनके बेटे का उसमें गिरना संभव है। उन्होंने बताया कि यह हादसा पूरी तरह से दुर्भाग्यपूर्ण और अचानक हुआ। परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट गया है। स्थानीय लोग भी घटना को लेकर स्तब्ध हैं और पुलिस से इस तरह के हादसों से बचाव के लिए सुरक्षा उपाय बढ़ाने की मांग कर रहे हैं।



