Giridihi : गिरिडीह जिले के बगोदर में अतिक्रमण हटाओ अभियान की कवरेज कर रहे एक पत्रकार के साथ बदसलूकी और मारपीट की घटना सामने आने के बाद मीडियाकर्मियों में भारी आक्रोश फैल गया है। पत्रकारों ने आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी और पीड़ित पत्रकार को सुरक्षा देने की मांग को लेकर पुलिस प्रशासन को लिखित आवेदन सौंपा है।
जानकारी के अनुसार झारखंड के एक प्रतिष्ठित अखबार के संवाददाता Kumar Gaurav Gupta शनिवार को बगोदर बाजार में चल रहे अतिक्रमण हटाओ अभियान की कवरेज कर रहे थे। इसी दौरान कुछ लोगों ने उन्हें घेर लिया और उनके साथ गाली-गलौज, धक्का-मुक्की तथा मारपीट की। पत्रकार का आरोप है कि उन्हें जान से मारने की धमकी भी दी गई।
पीड़ित पत्रकार ने बताया कि अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान साहू मोहल्ला निवासी Chhotu Saw उनके पास पहुंचा और अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने लगा। आरोप है कि उसने कहा कि पत्रकार की खबरों के कारण ही प्रशासन अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई कर रहा है और दुकानों को तुड़वाया जा रहा है।
पत्रकार के अनुसार छोटू साव के साथ Abhishek Kumar, Akshay Kumar, Burshili Kumar, Dheeraj Kumar Saw और Golu Gupta सहित अन्य लोगों ने उन्हें भीड़ में घेर लिया। इस दौरान उनके साथ खींचतान की गई और जेब से 1200 रुपये निकाल लेने का भी आरोप लगाया गया है।
स्थिति बिगड़ने पर पत्रकार अपनी जान बचाने के लिए वहां से भागकर बीडीओ Nisha Kumari के वाहन के पास पहुंचे। बताया जा रहा है कि बीडीओ वाहन से नीचे उतरीं, जिसके बाद हमलावर वहां से फरार हो गए। इस घटना के बाद इलाके के पत्रकारों और सामाजिक कार्यकर्ताओं में नाराजगी फैल गई।
रविवार को बगोदर और सरिया के पत्रकारों का एक प्रतिनिधिमंडल बगोदर थाना पहुंचा और थाना प्रभारी Rajesh Kumar को आवेदन सौंपा। आवेदन में आरोपियों पर कड़ी कार्रवाई, गिरफ्तारी और पत्रकार की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की गई। पत्रकारों ने कहा कि यदि भविष्य में पीड़ित को किसी प्रकार का शारीरिक या मानसिक नुकसान पहुंचता है तो इसकी पूरी जिम्मेदारी आरोपियों की होगी।
इस मामले में थाना प्रभारी राजेश कुमार ने कहा कि प्राप्त आवेदन के आधार पर एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जाएगी। उल्लेखनीय है कि हाल ही में इसरी सड़क हादसे के बाद जिला प्रशासन के निर्देश पर बगोदर में अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया जा रहा है। कुछ दुकानदारों का आरोप है कि मीडिया रिपोर्ट्स के कारण प्रशासन कार्रवाई कर रहा है, जिसके चलते पत्रकारों के प्रति नाराजगी बढ़ी है।


