Deoghar: राजकीय श्रावणी मेला 2026 की तैयारियों का जायजा लेने के लिए झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री इरफान अंसारी सोमवार को देवघर पहुंचे। उन्होंने जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर मेले के दौरान श्रद्धालुओं को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक तैयारियों की समीक्षा की। बैठक में उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक, सिविल सर्जन सहित स्वास्थ्य विभाग के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
समीक्षा बैठक के दौरान स्वास्थ्य मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि श्रावणी मेले में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं के इलाज और आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं में किसी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सभी स्वास्थ्य केंद्रों पर पर्याप्त संख्या में डॉक्टर, पैरामेडिकल स्टाफ, ऑक्सीजन सिलेंडर, एंबुलेंस, जीवनरक्षक दवाइयां और अन्य आवश्यक चिकित्सा संसाधन उपलब्ध रहना सुनिश्चित किया जाए। अधिकारियों ने भी अब तक की तैयारियों की विस्तृत जानकारी मंत्री को दी।
बैठक के बाद मीडिया से बातचीत में इरफान अंसारी ने कहा कि इस वर्ष स्वास्थ्य सुविधाओं के साथ-साथ श्रद्धालुओं को मिलने वाले प्रसाद की गुणवत्ता पर भी विशेष निगरानी रखी जाएगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रसाद की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा और संबंधित विभागों को इस संबंध में आवश्यक निर्देश दिए गए हैं।
राजनीतिक सवालों पर प्रतिक्रिया देते हुए स्वास्थ्य मंत्री ने भारतीय जनता पार्टी पर निशाना साधा। केंद्रीय राज्य मंत्री संजय सेठ के बयान का जवाब देते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा को “इरफान फोबिया” हो गया है। उन्होंने कहा कि यदि स्वास्थ्य विभाग की कार्यप्रणाली में कोई कमी है तो विपक्ष उसे बताए, सरकार उसे दूर करने के लिए तैयार है।
जामताड़ा में गर्भवती महिला और नवजात की मौत के बाद हुए विरोध प्रदर्शन तथा भाजपा नेताओं पर पुलिस कार्रवाई के सवाल पर मंत्री ने कहा कि यह कार्रवाई राजनीतिक नहीं, बल्कि प्रशासनिक थी। उनके अनुसार, सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले किसी भी व्यक्ति के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाती है और आगे भी होती रहेगी, चाहे वह किसी भी राजनीतिक दल से जुड़ा हो।
नीट 2026 परीक्षा के कथित पेपर लीक मामले को लेकर दिल्ली में छात्रों के संसद मार्च पर हुई पुलिस कार्रवाई की भी मंत्री ने आलोचना की। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार छात्रों के विरोध प्रदर्शन पर बल प्रयोग कर रही है, जो उचित नहीं है। साथ ही उन्होंने सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचूक के स्वास्थ्य को लेकर भी केंद्र सरकार से जानकारी देने की मांग की।
कांग्रेस, झामुमो और इंडिया गठबंधन में मतभेद की अटकलों पर इरफान अंसारी ने कहा कि गठबंधन पूरी तरह एकजुट है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के साथ जो हुआ, उसे झामुमो और कांग्रेस नहीं भूल सकते। मंत्री ने दावा किया कि गठबंधन पहले से अधिक मजबूती के साथ जनता के बीच काम कर रहा है और विपक्ष के दावों में कोई सच्चाई नहीं है।



